5.6.12

भारत रत्न का खेल



वाह रे जनतंत्र मेला है रंगबिरंगा. कोई भगवा रंगा तो कोई नीला रंगा और सब मिलकर हो गए काला.मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह का कहना है कि अन्ना संसद को ना कोसे, बल्कि चुनाव जीतकर राजनीति में आयें. फिर ही देश के भले की कोई बात कहें. कांग्रेस पार्टी ने बाबा रामदेव के साथ देश का धन विदेश से लाने के लिए अहिंसक विरोध कर रहे लोगों पर रात को लाठियां चलवाईं. कांग्रेस को राजबाला और उनके गुरु किसी सम्मान के काबिल नहीं दिखते हैं परन्तु देश हित पर कभी कुछ न बोलने वालों को पद्मश्री और संसद की मानद सदस्यता दी जाती है.


दिल्ली के उपचुनावों में मिली हार के कारण अब जाकर केन्द्रीय ग्रामीण विकास मंत्री जयराम रमेश को बस्तर दौरे की याद आई है. आनन्-फानन में राहुल गाँधी भी प्रदेश का दौरा करके गए पर लेश मात्र भी किसी को प्रभावित नहीं कर पाए. बस एक ही बात का रोना रोते गए " गुटबाजी बंद करिए तभी कांग्रेस जीतेगी" . हम इन नेताओं से क्या उम्मीद करें कि विश्व स्तर पर और घरेलू स्तर पर ये हमें उचित नेतृत्व दे पाएंगे.


छत्तीसगढ़ में भाजपा की सरकार स्वास्थ्य मंत्रालय की गड़बड़ियों की वजह से हमेशा आलोचना की शिकार होती है. कभी यहाँ मोतियाबिन्द का ओपरेशन थोक में लोगों की दृष्टि छीन लेता है तो कभी कुंवारी लड़कियों तक के गर्भाशय बिना किसी कारण निकाल दिए जाते हैं. परन्तु कांग्रेस जनता के लिए खड़े होने की बजाये आपसी गुटबाजी करती दिखती है. हालांकि कभी-कभी सरकार को घेरने का स्वांग भी किया जाता है ताकि आलाकमान की नज़रों में जगह बने रहे.


छत्तीसगढ़ राज्य की सबसे प्रमुख समस्याएँ हैं - कृषि का पिछड़ापन, बेरोजगारी, प्रतिभा का पलायन, बढती अराजकता और नक्सली समस्या. राज्य सरकार इन समस्याओं से निपटने के लिए कुछ ख़ास रणनीति नहीं बना पाई है परन्तु कमजोर विपक्ष के कारण रमन सरकार की सभी कमियां बदस्तूर जारी हैं. ऐसे हालात में यह जरूरी होगा कि राज्य की जनता स्वयं इन कमियों की ओर सरकार का ध्यान आकर्षित करे. छत्तीसगढ़ का विकास के मामले में बिहार के बाद दूसरा स्थान बताया गया है जो कि सत्य नहीं प्रतीत होता. मजदूरों का पलायन, गुमशुदा बच्चों की बढती संख्या, पुलिस का अपराध रोक पाने में असफल होना, बेरोजगारी बढ़ना, भ्रष्टाचार बढ़ना इंगित करता है कि राज्य केवल आंकड़ों में आगे बढ़ा है न कि वास्तविकता में. प्रदेश की जनता पक्ष और विपक्ष दोनों की निष्क्रियता से त्रस्त है पर क्या करें ? सब जनतंत्र के मेले में अपना तमाशा बनते देख रहे हैं पर कब तक ?


आप बाबा रामदेव और अन्ना हजारे से सहमत हों या नहीं, आपके पास देश चलाने के लिए दिल्ली मेट्रो के पूर्व प्रमुख ई.श्रीधरन जैसे कुशल नेता नहीं हैं. ऐसे में बाबा रामदेव को संपत्ति के लिए और अन्ना को उनके सहयोगियों के लिए कोसने की बजाय हमें उनका साथ देना चाहिए और अपने स्तर पर खुद नेता बन देश के लिए काम करना चाहिए. इस देश में एक खिलाड़ी को भारत रत्न देने के लिए नियम बदले जाते हैं और देश के साधू-संत रात में लाठी खाते हैं. कुछ अभागे संत तो गंगा की पवित्रता बचाए रखने के लिए उपवासे ही दम तोड़ देते हैं. अब आप ही तय करें आगे की रणनीति. हमारे देश की राजनीति तो जंग खा गई है.


हमारे देश की जनता ही भारत रत्न है न कि कोई एक व्यक्ति विशेष जो अपने क्षेत्र में पारंगत है. मिट्टी में सोना उगाने वाला किसान भारत रत्न है, पिछड़ों की आवाज बनने वाले अनाम सरदार भारत रत्न हैं, चिड़ियों को निःस्वार्थ भाव से दाना डालने वाले भारत रत्न हैं, देश की रक्षा करने वाले सैनिक भारत रत्न हैं. इन्हें कम ना आंकें बल्कि इनकी ताकत से देश चलता है जानें.

4.6.12

हरी - भरी धरा सबके लिए





कुछ साल पहले मैंने ईशा फाऊंडेशन नामक एक गैर सरकारी सहायता प्राप्त संस्था को "प्रोजेक्ट ग्रीन हैण्ड" के लिए १ हजार रुपये का योगदान दिया. यह संस्था सद्गुरु जग्गी वासुदेव के द्वारा स्थापित की गई है जिसके द्वारा मानव उत्थान के अनेक कार्य किये जाते हैं. प्रोजेक्ट ग्रीन हैण्ड का नाम 'लिम्का बुक ऑफ़ रेकोर्ड्स ' में दर्ज हुआ है और इसे दो बार इंदिरा गाँधी पर्यावरण पुरुस्कार भी मिला है. स्पष्ट है कि प्रोजेक्ट ग्रीन हैण्ड में अपने ओर से किये गए छोटे से योगदान के लिए मैं बेहद गर्वित महसूस करती हूँ. 


एक दिन इस बारे में मेरी अपनी मित्र से बात हो रही थी कि उसने मुझसे बड़ा विचित्र प्रश्न किया , " वो लोग तमिलनाडु में पेड़ लगायेंगे न ... तो तूने उन्हें दान क्यों किया ? छत्तीसगढ़ में लगाते तो दे देती रुपये. " उफ्फ्फ ..... !!! मेरे दिमाग में ये लाख टके की बात कभी नहीं आई . सो मुझे इस प्रश्न का उत्तर भी नहीं पता था पर बस उसे शांत करने के लिए मैंने यों ही कह दिया " मेरी बेटी कभी तमिलनाडु जाएगी तो उसे फ्रेश हवा मिलेगी सूंघने इसलिए किया हा हा हा ! " मेरी मित्र ने मेरी तरफ यों घूरा जैसे हम किसी निपट मूर्ख को हंसते देख घूरते हैं. 


बहुत लोगों ने डांटा " तुम्हे पैसे की क़द्र नहीं है ... तुम भरोसे के लायक नहीं हो ...आदि आदि " . मैं टस से मस ना हुई. माना कि मैं सर्वश्रेष्ठ नहीं पर निरी मूर्ख ..... नो वे  ! मैंने सबकी बात सुन ली और याद कर लिया कि ये वे व्यक्ति हैं जो पैसे को भगवान् समझते हैं. सबकी अपनी - अपनी सोच है परन्तु भारत में असहिष्णुता बढती जा रही है. कोई किसी को सुनना समझना ही नहीं चाहता. खासकर जैसे अनुजों की बात मानना राष्ट्रीय मूर्खता घोषित कर दिया गया है. 


कुछ वर्षों बाद एक अन्य दिन फिर मेरी उसी मित्र से मुलाक़ात हुई. मेरी मित्र ने  पूरी दृढ़ता से अपनी बात बताई " वे  बहुत अच्छे हैं. भले ही वो मेरी बेटी के असल पिता नहीं हैं परन्तु बहुत अच्छे हैं. वो जरूर मेरी बच्ची के भविष्य की जिम्मेदारी ख़ुशी ख़ुशी उठाएंगे. " वो ठीक कह रही थी. मेरी मित्र के पहले पति की मृत्यु हो गई थी. जिन सज्जन ने उससे शादी की वे दयालु व्यक्ति हैं . वे  स्त्रियों और जीवन के प्रति तुच्छ सोच नहीं रखते हैं. 


हम नहीं जानते कब हमें किसी अन्य की सहायता की आवश्यकता पड़ जाएगी. मेरा-तेरा का चक्कर सबको डुबो देता है. भारतीय परम्परा के पालक-पोषक ऋषि-मुनि अपने विशाल ह्रदय और अनुभव से हमें बताते रहे हैं, सबसे अच्छी नीति " वसुधैव कुटुम्बकम " है जो सबके हित में है. आज पर्यावरण दिवस है. प्रकृति को हरा-भरा बनाए रखने के लिए कुछ प्रयास करने चाहिए यह याद दिलाने का दिन है आज. इस जून पर्यावरण की रक्षा हेतु आप जो कर सकते हैं करें, अच्छा लगेगा . 


सुनो भई साधो



सब्सिडी समाप्त - हाथ कंगन को आरसी क्या,पढ़े-लिखे को फारसी क्या
भ्रष्टाचार समाप्त - रानी बोलेगी अपना सुहाग लूटेगी 
अरविन्द केजरीवाल - कौव्वो की सभा में कोयल की आवाज का क्या मोल ?
कैग रिपोर्ट - बेईमान के सामने सबूत पेश करना या कुछ सिद्ध करना समय की बर्बादी है.
सत्तादल - सैंया भये कोतवाल अब डर काहे का 
सीबीआई के छापे - ऊँट के मुंह में जीरा

जनता - इधर कुआं उधर खाई
विपक्ष - दो बिल्लियों की लड़ाई में बन्दर का फायदा 
बाबा रामदेव - जग कहे जोगी मूरख , जोगी कहे जग मूरख 
अन्ना - एक और एक ग्यारह होते हैं 

2.6.12

Rowdy Rathore



Prabhudeva Rockkkkkssssssssssss !!!
First time in my life I give standing ovation to any scene of d movie in theater.  If u love masala movies then must c Mister Rathore in theater.  
Prabhudeva is a tremendous director. He knows very well that how to take work frm his artists. zabardastt acting by Akshay Kumar. He always mesmerize u by his versatile talent. Handsome Sonakshi ( i find her handsome always...) also rocks. 
Dances in d movie r up to d mark as this is a "Prabhu of dance`s" movie. 
Zabardast fighting scenes, good songs and nice story. A total paisa vasool movie.
A cute li`l girl is also there to steal ur heart and wet ur eyes. 
There is also a good msg  in d movie.
Tell me ur own and hall`s experience after watching this movie. 
Akkie - The Baap of all Khans. 
don like my language na ... haha u will also use this language with laugh.  
What else do u want  in any movie ??? Just go n watch d movie ........................ now.